Top
undefined

नवाज के दामाद की किडनैपिंग फुटेज जारी करने वाले जियो न्यूज के रिपोर्टर इमरान अगवा, फौज-ISI पर शक

नवाज के दामाद की किडनैपिंग फुटेज जारी करने वाले जियो न्यूज के रिपोर्टर इमरान अगवा, फौज-ISI पर शक
X

इस्लामाबाद। पाकिस्तान के सबसे बड़े टीवी न्यूज चैनल 'जियो न्यूज' के सीनियर रिपोर्टर अली इमरान सैयद को शुक्रवार रात अगवा कर लिया गया। अली ने मंगलवार को कराची के उस होटल के सीसीटीवी फुटेज सोशल मीडिया पर रिलीज किए थे, जहां से नवाज शरीफ की बेटी मरियम के पति कैप्टन सफदर को फौज जबरदस्ती अपने साथ ले गई थी।

सीनियर जर्नलिस्ट नसीम जेहरा ने इमरान की जल्द रिहाई की मांग करते हुए सवाल किया- क्या बिना अगवा किए अली से पूछताछ नहीं की जा सकती थी। एमनेस्टी इंटरनेशनल ने भी इस मामले में सवाल उठाते हुए इमरान की जल्द रिहाई की मांग की है। जुलाई में एक बड़े पत्रकार मतीउल्लाह जेन को भी अगवा किया गया था। बवाल मचने पर उन्हें नाटकीय ढंग से रिहा कर दिया गया था।

कैसे हुआ किडनैप

इमरान की पत्नी ने कहा- मेरे पति शुक्रवार शाम करीब 7 बजे बेकरी से सामान लेने गए थे। उन्होंने आधे घंटे में आने की बात कही थी। कई घंटे बाद जब वे नहीं लौटे तो हमने तलाश शुरू की। उनकी कार और फोन घर से कुछ दूर मिले। हमने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने कहा है कि वो इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। इससे ज्यादा जानकारी नहीं दी गई। सिंध के सीएम मुराद अली शाह ने घटना की जांच के आदेश दिए हैं।

क्या अगवा किए बिना पूछताछ नहीं हो सकती थी?

सीनियर जर्नलिस्ट नसीम जेहरा ने ट्वीट में कहा- अली इमरान के पास कराची के उस होटल के फुटेज थे, जिससे पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के दामाद कैप्टन सफदर को गिरफ्तार किया गया था। कई और जर्नलिस्ट्स ने भी इमरान को फौरन रिहा किए जाने की मांग की है। एमनेस्टी इंटरनेशनल ने भी बयान जारी किया। कहा- इमरान का जल्द से जल्द पता लगाया जाए।

फौज और ISI पर शक क्यों

अली की किडनैपिंग का सीधा शक पाकिस्तानी फौज और ISI पर है। दरअसल, सोमवार को कराची के एक होटल के कमरे का दरवाजा तोड़कर मरियम के पति कैप्टन सफदर को गिरफ्तार किया गया था। इसे मरियम ने किडनैपिंग कहा था। कुछ घंटे बाद उन्हें कोर्ट से जमानत मिल गई थी। आर्मी ने इस मामले में अपना हाथ होने से इनकार कर दिया था। लेकिन, अली इमरान ने होटल के फुटेज हासिल किए और उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। इससे फौज बेनकाब और फिर नाराज हो गई।

जेन के बाद अली

इसी साल जुलाई में वक्त न्यूज के सीनियर जर्नलिस्ट मतीउल्लाह जेन को किडनैप किया गया था। तब कई रिपोर्ट्स में यह दावा किया गया था कि जेन के पास फौज से जुड़ी कई अहम जानकारियां हैं। सुबह अगवा किए गए जेन को काफी टॉर्चर करने के बाद उसी दिन देर रात नाटकीय ढंग से रिहा कर दिया गया था। इस मामले में कई देशों ने सवाल उठाए थे। हालांकि, जेन ने अब तक यही नहीं बताया कि उन्हें किसने और क्यों अगवा किया था और पूछताछ में क्या पूछा गया था।

Next Story
Share it